मेरठ विषेश संवाददाता एन 20 न्यूज
मेरठ।जानी थाने के बाहर कथित दलालों की सक्रियता को लेकर क्षेत्र में चर्चाओं का माहौल बना हुआ है। ग्रामीणों का आरोप है कि थाने के बाहर कुछ लोग फरियादियों से संपर्क कर उनके मामलों को जल्द निपटाने का भरोसा देते हैं। बताया जा रहा है कि थाने में आने वाले कई पीड़ितों से पहले यही लोग मिलते हैं और फिर उनके माध्यम से मामले आगे बढ़ाए जाते हैं।एक ग्रामीण ने नाम प्रकाशित न करने की शर्त पर बताया कि थाने के बाहर सक्रिय कुछ दलालों को दो पुलिसकर्मियों और एक कथित पत्रकार का संरक्षण प्राप्त है। ग्रामीण का कहना है कि इन लोगों के जरिए कई मामलों में बातचीत कराई जाती है और फरियादियों को सीधे संबंधित अधिकारियों तक पहुंचने के बजाय पहले इन्हीं लोगों से मिलने की सलाह दी जाती है। आरोप है कि इसी व्यवस्था के चलते थाने के बाहर दलालों की सक्रियता लगातार बढ़ती जा रही है।ग्रामीणों का कहना है कि न्याय की उम्मीद लेकर थाने पहुंचने वाले लोगों को पहले इन कथित दलालों का सामना करना पड़ता है। इससे आम लोगों में असंतोष बढ़ रहा है। उनका कहना है कि यदि कोई व्यक्ति सीधे अपनी शिकायत लेकर पहुंचता है तो उसे भी विभिन्न तरह की सलाह देकर इन लोगों तक पहुंचाने का प्रयास किया जाता है। ग्रामीणों का आरोप है कि इस कारण थाने की कार्यप्रणाली को लेकर भी लोगों के बीच तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं।क्षेत्र के लोगों का कहना है कि थाने के बाहर यदि इस तरह की गतिविधियां चल रही हैं तो उन पर प्रभावी रोक लगनी चाहिए। ग्रामीणों ने मांग की है कि थाने के बाहर सक्रिय ऐसे लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाए, ताकि फरियादियों को बिना किसी बिचौलिए के अपनी शिकायत दर्ज कराने और न्याय प्राप्त करने में किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
