मेरठ संवाददाता एन 20 न्यूज
मेरठ।मोहल्ला मंडी चमारान निवासी एक महिला ने कुछ लोगों पर एकराय होकर घर में घुसकर गाली-गलौज, लाठी-डंडों से मारपीट, तोड़फोड़ और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया है। पीड़िता ने थाना सरधना में प्रार्थना पत्र देकर मेडिकल परीक्षण कराने तथा नामजद एवं तीन अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की मांग की है।पुलिस को दिए प्रार्थना पत्र में रेशमा पत्नी जाकिर निवासी मोहल्ला मंडी चमारान ने बताया कि 8 सितंबर को दोपहर करीब तीन बजे वह अपने घर पर पशुओं का चारा काट रही थी। आरोप है कि इसी दौरान मोहल्ले के नानू पुत्र इशाक, घोलू, साबिर, आबिद, मुजाहिद, लल्ली पत्नी नान, रुबी पत्नी घोल तथा तीन अज्ञात व्यक्ति उसके घर की दीवार पर चढ़ने लगे। पीड़िता के अनुसार, दीवार की ईंटें उखाड़े जाने से एक ईंट लैट्रिन की सीट पर गिर गई, जिससे सीट टूट गई।आरोप है कि जब उसने इसका विरोध किया तो सभी आरोपी लाठी-डंडे और धारदार हथियार लेकर उसके घर में घुस आए तथा गाली-गलौज करते हुए उसके साथ मारपीट की। महिला ने आरोप लगाया कि मारपीट में उसे चोटें आईं, जबकि दूसरे पक्ष को कोई चोट नहीं आई। जाते समय आरोपियों द्वारा जान से मारने की धमकी देने का भी आरोप लगाया गया है।पीड़िता का आरोप है कि 11 सितंबर को भी आरोपियों ने उसे धमकी दी कि यदि वह थाने गई या कोई कानूनी कार्रवाई की तो उसे जान से मार दिया जाएगा। महिला ने बताया कि आरोपियों के डर के कारण वह अपने घर जाने से भी भयभीत है। उसका यह भी आरोप है कि पुलिस ने विपक्षी पक्ष के खिलाफ धारा 151 के तहत कार्रवाई की, लेकिन उसका मेडिकल परीक्षण नहीं कराया गया और अभी तक एफआईआर दर्ज नहीं की गई।महिला ने एक अन्य आरोप में बताया कि आरोपी खुद को किसान यूनियन का नेता बताते हैं और कथित तौर पर कहते हैं कि पुलिस उनका कुछ नहीं बिगाड़ सकती। पीड़िता के अनुसार, जब उसने अपने घर के सामने सीसीटीवी कैमरे लगवाए तो आरोपियों ने इसका भी विरोध किया। महिला का आरोप है कि इसी विवाद के चलते उसकी भाभी अफसाना के साथ भी मारपीट की गई। पीड़ित महिला ने बताया की उसका पति मजदूरी करने के लिए जिले से बाहर गया हुआ है उसका भाई भी मजदूरी के लिए बाहर काम करता है दोनों महिला अपने घरों पर बच्चों के साथ अकेली रहती है।पीड़िता ने थाना प्रभारी से मामले में मेडिकल परीक्षण कराने, नामजद आरोपियों एवं तीन अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर निष्पक्ष कानूनी कार्रवाई करने तथा परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।



