मेरठ संवाददाता एन 20 न्यूज़
मेरठ।दौराला गंगनहर पुल पर लगे एक कांवड़ सेवा शिविर में लगातार दो दिन से पुलिसकर्मियों पर छेड़खानी का गंभीर आरोप लगने के बाद जमकर हंगामा हुआ। शिविर संचालकों ने दो पीएसी और एक यूपी पुलिस के कांस्टेबल को पकड़कर दौराला पुल पुलिस चौकी के हवाले कर दिया। इस सनसनीखेज घटना की जानकारी मिलते ही थाना प्रभारी और सीओ सरधना भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे, जिन्होंने उत्तेजित भीड़ को शांत करने का प्रयास किया।गौरतलब है कि सरधना विधानसभा क्षेत्र से समाजवादी पार्टी के विधायक अतुल प्रधान के प्रतिनिधि ललित गुर्जर और उनके साथियों द्वारा लगाए गए इस शिविर में कांवड़ियों के लिए खाने-पीने और ठहरने सहित कई सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। इस शिविर में नगर क्षेत्र की महिलाएं और बालिकाएं भी कांवड़ियों की सेवा में सहयोग करती हैं। ललित गुर्जर का आरोप है कि शुक्रवार को शिविर में आई महिलाओं के साथ पुलिसकर्मियों ने छेड़खानी की घटना को अंजाम दिया। इतना ही नहीं शनिवार रात को भी दोषी पुलिसकर्मियों ने महिलाओं के साथ बदतमीजी करने में कोई कोर कसर बाकी नहीं रखी। उनका कहना है कि यह पूरी घटना सीसीटीवी कैमरे में कैद है। मामला प्रकाश में आने के बाद, गुस्साई भीड़ ने तीनों पुलिसकर्मियों को पकड़कर दौराला पुल पुलिस चौकी पहुंचा दिया, और चौकी पर हंगामा शुरू कर दिया।हंगामे की सूचना मिलते ही थाना प्रभारी प्रताप सिंह और सीओ संजय कुमार जायसवाल पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने लोगों को समझाने-बुझाने का प्रयास किया, लेकिन प्रदर्शनकारी तीनों पुलिसकर्मियों को सस्पेंड करने और उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग पर अड़े रहे। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं की गईं, तो वे कांवड़ सेवा शिविर बंद करके धरना प्रदर्शन शुरू कर देंगे।इस संबंध में सीओ संजय कुमार जायसवाल ने कहा कि इस प्रकरण को लेकर जो तहरीर मिलेगी, उसकी जांच करते हुए और साक्ष्य के आधार पर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

