अंतिम संस्कार को लेकर घंटों चला गतिरोध, संगीत सोम के आश्वासन, और एसडीएम के लिख कर देने पर परिजन हुए अंतिम संस्कार करने को राजी
मेरठ संवाददाता एन 20 न्यूज
मेरठ।थाना सरधना क्षेत्र के गांव कपसाड़ में दलित परिवार की महिला की नृशंस हत्या और उसकी 19 वर्षीय बेटी के अपहरण से पूरे इलाके में तनाव फैल गया है। गुरुवार सुबह हुई इस सनसनीखेज वारदात के बाद गांव में भारी पुलिस बल और आरएएफ तैनात कर दी गई है। हालात को देखते हुए प्रशासन ने गांव के चारों रास्तों पर बैरियर लगाकर सील कर दिया है।हत्या के बाद पोस्टमार्टम कराकर शव घर लाया गया, लेकिन पीड़ित परिवार ने बेटी की सकुशल बरामदगी और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर अंतिम संस्कार से इनकार कर दिया। प्रशासन और जनप्रतिनिधियों के घंटों प्रयास के बाद देर शाम भाजपा नेता संगीत सोम के आश्वासन पर परिजन अंतिम संस्कार के लिए राजी हुए।गांव कपसाड़ निवासी सतेंद्र जाटव गुरुवार सुबह अपनी पत्नी सुनीता (45) और बेटी रुबी (19) के साथ गांव के ही खेतों में गन्ना छिलाई के लिए जा रहे थे। जब मां-बेटी रजवाहे के नए पुल के पास पहुंचीं, तभी गांव के ही पारस सोम और सुनील सोम अपने तीन-चार साथियों के साथ वहां पहुंचे। आरोप है कि उन्होंने पिस्टल दिखाकर रुबी का अपहरण कर लिया। मां सुनीता द्वारा विरोध करने पर आरोपियों ने फरसे से ताबड़तोड़ वार कर उन्हें गंभीर रूप से घायल कर दिया। निजी अस्पताल में उपचार के दौरान सुनीता की मौत हो गई।अंतिम संस्कार को लेकर गतिरोधपोस्टमार्टम के बाद शव गांव पहुंचा तो पीड़ित परिवार ने अंतिम संस्कार से इनकार कर दिया। परिजनों का कहना था कि जब तक बेटी सुरक्षित बरामद नहीं होती और आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया जाता, तब तक वे अंतिम संस्कार नहीं करेंगे। उन्हें आशंका है कि आरोपी बेटी की भी हत्या कर सकते हैं।स्थिति की गंभीरता को देखते हुए मौके पर डीआईजी, डीएम और एसएसपी पहुंचे, लेकिन दोपहर तक वार्ता सफल नहीं हो सकी। इसके बाद प्रशासन ने लिखित रूप में 48 घंटे के भीतर युवती की बरामदगी, 10 लाख रुपये की आर्थिक सहायता और परिवार के एक सदस्य को योग्यता अनुसार नौकरी देने का आश्वासन दिया।राजनीतिक सरगर्मी तेजघटना के बाद गांव में राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गईं। सपा विधायक अतुल प्रधान, पूर्व विधायक योगेश वर्मा, मुकेश सिद्धार्थ, विधायक गुलाम मोहम्मद सहित कई नेता पीड़ित परिवार से मिलने पहुंचे।विधायक अतुल प्रधान ने सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव से फोन पर पीड़ित परिवार की बात कराई। सपा अध्यक्ष ने पीड़ित परिवार को तीन लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने का निर्देश दिया।आजाद समाज पार्टी के नेता शहजेब रिजवी, शाहरुख़ उर्फ़ बंटी कुरैशी ने भी अपनी टीम के साथ पीड़ित परिवार से मुलाकात की और राष्ट्रीय अध्यक्ष व सांसद चंद्रशेखर आजाद से फोन पर बातचीत कराई। सांसद चंद्रशेखर आजाद ने कहा कि दलित समाज पर किसी भी प्रकार का उत्पीड़न बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और वह पीड़ित परिवार के साथ हर समय खड़े हैं। कांग्रेस के जिला अध्यक्ष गौरव भाटी, एडवोकेट जितेंद्र पांचाल, सय्यद रिहानुद्दीन फलावदा, भी पीड़ित परिवार से मिले और उन्होंने प्रदेश अध्यक्ष से पीड़ित परिवार की बात कराई उन्होंने भी पीड़ित परिवार को हर संभव मदद देने का आश्वासन दिया।संगीत सोम के पहुंचने के बाद बनी सहमतिशाम करीब पांच बजे भाजपा नेता संगीत सोम कपसाड़ गांव पहुंचे और पीड़ित परिवार से मुलाकात कर उन्हें सरकार की ओर से हरसंभव मदद और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का भरोसा दिलाया। इसके बाद परिजन प्रशासन और जनप्रतिनिधियों के आश्वासन पर अंतिम संस्कार के लिए तैयार हो गए।पुलिस की कार्रवाई और सुरक्षा व्यवस्थापुलिस ने मुख्य आरोपी के दोनों भाई, पिता, भाभी, बहन और बहनोई को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। आरोपी की मां की तबीयत खराब होने के चलते उसे हिरासत में नहीं लिया गया है।एसएसपी डॉ. विपिन ताडा ने बताया कि युवती की बरामदगी और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए 10 विशेष पुलिस टीमें गठित की गई हैं। गांव में आरएएफ की एक कंपनी और जनपद का पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया है ताकि शांति व्यवस्था बनी रहे।इलाके में तनाव बरकरारहालांकि अंतिम संस्कार हो चुका है, लेकिन युवती की बरामदगी न होने के कारण गांव और आसपास के क्षेत्रों में तनावपूर्ण माहौल बना हुआ है। प्रशासन लगातार हालात पर नजर बनाए हुए है और पुलिस दबिशों का सिलसिला जारी है।

